Aaj Savere · 2024-06-22 22 Jun 2024 08:29 “ जोदि तोर डाक शुने केउ ना , आसे तबे एकला चलो , एकला चलो , एकला चलो रे | ये पंक्तियाँ हैं गुरुदेव रविंद्रनाथ टैगोरे की यानि अपनी मंजिल की तरफ अपने ढंग से आगे बढिए, लोग आपके पीछे खुद-ब-खुद बढने लगेंगें| अपने ढंग से आगे तभी बढ़ा जा सकता है जब आपके अपने विचार हों और इसके लिए आपको चिंतन मनन की जरूरत… Original: All India Radio