Parikrama · 2024-11-27 27 Nov 2024 17:45 धनुष उठा , प्रहार कर तू सबसे पहला वार कर अग्नि सी धधक – धधक हिरन सी सजग – सजग सिंह सी दहाड़ कर शंख सी पुकार कर रुके न तू , थके न तू झुके न तू , थमे न तू सदा चले , थके न तू रुके न तू , झुके न तू ये पंक्तियाँ हैं आज ही के दिन 1907 में जन्मे हिन्दी साहित्य के दिग्गज कवि हरिवंश राय बच्चन की। Original: All India Radio