Aaj Savere · 2024-08-20 20 Aug 2024 08:34 कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन। अर्थात हमारा अधिकार केवल कर्म करना ही है| कर्मों के फल पर हमारा अधिकार नहीं है| जी हां अक्सर हम मेहनत तो खूब करते हैं पर उतनी ही दिलो जान से, उतनी ही सिद्दत से उस मेहनत के परिणाम की प्रतीक्षा भी करते हैं। Original: All India Radio